Loan Against Shares:-Everything You Need to Know”-निवेशकों के लिए गाइड
क्या आप जानते हैं कि घरेलू उत्पाद का 41% शेयर बाज़ार से जुड़ा है? शेयर ऋण एक अच्छा वित्तीय साधन है। निवेशकों को इससे लाभ मिल सकता है। प्रमुख लेखक के लिए हाई लाइट्स Loan Against …
क्या आप जानते हैं कि घरेलू उत्पाद का 41% शेयर बाज़ार से जुड़ा है? शेयर ऋण एक अच्छा वित्तीय साधन है। निवेशकों को इससे लाभ मिल सकता है। प्रमुख लेखक के लिए हाई लाइट्स Loan Against …
ब्याज एक लोन का एक बड़ा हिस्सा है। जब आप लोन चुकाते हैं, तो आपको ब्याज का भुगतान करना पड़ता है। हर कोई ब्याज की गणना का तरीका नहीं जानता।
एक ब्याज कैलकुलेटर आपको लोन पर ब्याज की गणना करने में मदद करता है। आपको लोन राशि, ब्याज दर और अवधि डालनी होती है। फिर, कुछ सेकंड में आपका जवाब मिल जाता है।
क्या आप जानते हैं कि सरकार ने एक लोन योजना शुरू की है? यह योजना छोटे व्यापारियों और रेहड़ी-पट्टी वालों को 50,000 रुपये तक का लोन देती है।
इस योजना का उद्देश्य छोटे व्यापारियों को मजबूत बनाना है। कोविड-19 महामारी ने उन्हें बहुत परेशान किया है। PM SVANidhi Yojana के बारे में जानने के लिए पढ़ते रहें।
क्या आप अपना पोल्ट्री फार्म शुरू करना चाहते हैं लेकिन पैसे की चिंता है? चिंता न करें! केंद्र सरकार ने पोल्ट्री फार्मिंग को बढ़ावा देने के लिए पोल्ट्री फार्म लोन योजनाएं शुरू की हैं। इन योजनाओं से आप 9 लाख रुपये तक का ऋण और 33% सब्सिडी प्राप्त कर सकते हैं।
पोल्ट्री फार्म शुरू करने के लिए सरकार ने लोन योजनाएं शुरू की हैं। ये योजनाएं किसानों और पशुपालकों की मदद करती हैं। इनका लक्ष्य है कि लोगों की आय बढ़े।
मुथूट फिनकॉर्प भारत में अग्रणी गोल्ड लोन प्रदाता है। यह कंपनी अपने ग्राहकों को 9.95% प्रति वर्ष से शुरू होने वाली ब्याज दर पर गोल्ड लोन देती है। यह दर बाजार में अन्य लोगों की तुलना में काफी अच्छी है।
ग्राहकों को मुथूट फिनकॉर्प 1,500 रुपये से लेकर 50 लाख रुपये तक का लोन देता है। यह लचीला वित्तीय समाधान है जो आपकी वित्तीय जरूरतों को पूरा करता है।
यूनिफाइड रिकवरी इंटरफेस (URI) को लागू करने के लिए चरणबद्ध दृष्टिकोण होता है। पहले चरण में डेटा एकीकरण और विश्लेषण होता है। सभी संबंधित डेटा स्रोतों से डेटा एक स्थान पर एकत्रित किया जाता है और विश्लेषण किया जाता है।
दूसरे चरण में एकीकृत मंच बनाया जाता है। यह मंच सभी तकनीकी और प्रक्रियात्मक घटकों को एक साथ लाता है। कर्मचारियों को प्रशिक्षित किया जाता है और जागरूकता पैदा की जाती है।
चरणबद्ध दृष्टिकोण से बैंक यूनिफाइड रिकवरी इंटरफेस (URI) को सफलतापूर्वक लागू कर सकते हैं। प्रशिक्षण और जागरूकता सुनिश्चित करता है कि कर्मचारी इसका लाभ उठा सकें। चरणबद्ध दृष्टिकोण इस पहल की सफलता को बढ़ावा देता है।
Bharat Financial Inclusion Limited-भारत फाइनेंशियल इनक्लूजन लिमिटेड (BFIL) के उत्पाद और सेवाएं ग्रामीण और अर्द्ध-शहरी लोगों के लिए हैं। इनके तहत आय उत्पादक ऋण, मध्यम अवधि के ऋण, दीर्घकालिक ऋण, और उत्पाद खरीद ऋण शामिल हैं। साथ ही, सोने के आभूषणों पर ऋण भी दिया जाता है।
इन उत्पादों से स्व-रोजगार वाली महिलाएं अपने व्यवसाय को चला सकती हैं।
BFIL के ग्राहकों की संख्या 27.5 मिलियन से अधिक है। इनमें से 99% से अधिक महिलाएं हैं। कंपनी ग्रामीण और अर्द्ध-शहरी भारत में आर्थिक रूप से कमजोर लोगों की मदद करती है।
Digital Agriculture Mission-केंद्र सरकार ने किसानों के लिए एक नया मिशन शुरू किया है। इस मिशन के तहत, किसानों को 20 मिनट में लोन मिल जाएगा। इससे कागजी कार्रवाई और परेशानी कम होगी।
इस मिशन का लक्ष्य किसानों की आय बढ़ाना है। साथ ही, कृषि क्षेत्र को आधुनिक बनाना भी है। एग्री स्टैक, भूमि मानचित्र, और फसल बोई रजिस्ट्री जैसी पहलें की जा रही हैं।
उद्योगिनी योजना में आवेदन करना आसान है। यहां आपको आवेदन की प्रक्रिया के बारे में बताया गया है:
पहले अपनी नजदीकी बैंक शाखा में जाएं। वहां ऑफलाइन आवेदन करें। ऑनलाइन आवेदन की सुविधा नहीं है।
आवेदन के साथ आधार कार्ड, राशन कार्ड, बैंक पासबुक, जाति प्रमाण पत्र, आय प्रमाण पत्र, निवास प्रमाण पत्र, मोबाइल नंबर और फोटो देना होगा।
बैंक अधिकारी आपके दस्तावेजों की जांच करेंगे। फिर आपको स्वीकृति देंगे।
अंत में आपको ₹30,000/- की आर्थिक सहायता मिलेगी। इस धन से आप अपना उद्यम शुरू कर सकते हैं।
उद्योगिनी योजना में आवेदन करना आसान है। आपको अपनी नजदीकी बैंक शाखा में जाना होगा।
मछली पालन एक बड़ा जलकृषि काम है। इसमें मछलियों की खेती की जाती है। यह दोनों अंतर्देशीय और समुद्री में किया जाता है।
इसमें तालाब बनाना, मछली के बीज की पैदावार, मछलियों का पालन और बिक्री शामिल है।
मछली पालन स्वस्थ और पौष्टिक खाने का स्रोत है। इसमें 14 से 25% प्रोटीन पाया जाता है। यह किसानों के लिए अच्छा आर्थिक स्रोत है।
तालाब बनाना मछली पालन का एक बड़ा हिस्सा है। एक हेक्टेयर तालाब बनाने में 5 लाख रुपये खर्च आते हैं। केंद्र सरकार, राज्य सरकार और मछली पालक सभी इसमें भाग लेते हैं।
सरकार मछली पालन में बड़ा निवेश कर रही है। केंद्र सरकार ने 25 हजार करोड़ रुपये खर्च करने की योजना बनाई है। लाभार्थियों को ₹30,000 का लोन मिलता है।